ब्रेडक्रम्ब

iob_bank_PM-Vishwakarma

अंतिम अद्यतन तिथि :07/02/2026
पीएम विश्वकर्मा
   

लक्ष्य समूह

कारीगर और शिल्पकार। 18 पारंपरिक व्यापार अर्थात, बढ़ई, नाव निर्माता, शस्त्रकार, लोहार, हथौड़ा और टूल किट निर्माता, ताला बनाने वाला, सुनार, कुम्हार, मूर्तिकार, मोची, राजमिस्त्री, टोकरी/चटाई/झाड़ू निर्माता/नारियल की जटा बुनकर, गुड़िया और खिलौने निर्माता, नाई, माला निर्माता, धोबी, दर्जी और मछली पकड़ने के जाल निर्माता।

उद्देश्य

पारंपरिक कारीगरों और शिल्पकारों की क्षमताओं को बढ़ाने और समर्थन देने के लिए।

पात्रता

न्यूनतम आयु 18 वर्ष; पारंपरिक गतिविधियों में से किसी एक में संलग्न

स्वरोजगार के आधार पर असंगठित क्षेत्र में व्यापार

पिछले 5 वर्षों में केंद्र/राज्य सरकार की समान ऋण आधारित योजनाओं (जैसे मुद्रा, पीएम स्वनिधि, पीएमईजीपी आदि) के अंतर्गत ऋण नहीं लिया हो; परिवार के एक सदस्य तक सीमित।

मात्रा

प्रथम किश्त: 100000/- रुपये तक (कौशल सत्यापन तथा बुनियादी कौशल प्रशिक्षण पूरा किया हुआ होना चाहिए)

दूसरी किश्त: 200000/- रुपये तक (अपने व्यवसाय में डिजिटल लेनदेन अपनाने या उन्नत कौशल प्रशिक्षण लेने और प्रथम किश्त ऋण के बंद होने के बाद, अर्थात प्रथम किश्त ऋण के वितरण के न्यूनतम 6 महीने बाद)।

मार्जिन

एमएसएमई पर लागू

ब्याज दर

आरएलएलआर + 2.65%; 5% की दर से रियायती आरओआई और भारत सरकार द्वारा 8% तक ब्याज अनुदान (केवल एसटीडी खातों के लिए) बैंकों को अग्रिम रूप से दिया जाएगा।

पुनर्भुगतान

प्रथम किश्त: 18 महीने

दूसरा चरण: 30 महीने

जमानत ककी सुरक्षा

शून्य, पोर्टफोलियो आधार पर सीजीटीएमएसई के अंतर्गत कवर किया गया (वित्त वर्ष के साथ समाप्त होने वाला वार्षिक आधार) और क्रेडिट गारंटी शुल्क भारत सरकार द्वारा वहन किया गया।